उत्तरकाशी। मोरी प्रखंड के बंगाण क्षेत्र में आई आपदा के एक साल बाद भी मूलभूत सुविधाएं बदहाल पड़ी होने से जनता में रोष है। शासन-प्रशासन पर क्षेत्र की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने आपदा की बरसी पर 18 अगस्त को काला दिवस केरूप में मनाने का ऐलान किया है।
बीते साल 18 अगस्त को बंगाण क्षेत्र में बादल फटने से भारी तबाही मची थी। आपदा में चीवां, टिकोची, आराकोट, सनेल आदि क्षेत्रों में भारी नुकसान होने के साथ ही कई मोटर मार्ग, पुल, सिंचाई नहरें, पेयजल योजनाएं, कृषि भूमि, सेब के बागीचे तबाह हो गए थे। इस दौरान शासन प्रशासन ने युद्धस्तर पर राहत बचाव अभियान चलाकर प्रभावितों को फौरी राहत पहुंचाई। बंगाण संघर्ष समिति के अध्यक्ष राजेंद्र नौटियाल ने कहा कि आपदा के करीब एक साल बाद भी बंगाण क्षेत्र में मूलभूत व्यवस्थाएं बदहाल पड़ी हैं, शिकायत के बाद भी समस्या हल नहीं हो रही है। इस मौके पर नरेश चैहान, कीर्ति रावत, विनोद रावत, मनबर सिंह, दीपा थापा, प्रकाश, राजू थापा आदि मौजूद रहे।
