कर्नल बन गया चौकीदार |
अपने दम पर 10 हजार लोगों को रोजगर दे चुके आप नेता की तरफ से सीएम का चेहरा कर्नल अजय कोठियाल को राज्य सरकार ने ऑफर की चौकीदार की नौकरी?
25 हजार मे मिलती है 8 हजार की नौकरी
उत्तराखंड मे बेरोजगारों के साथ नौकरी के नाम पर किस तरह छलावा होता है , इसका सबूत आज आम आदमी पार्टी के नेता कर्नल अजय कोठियाल ने सचिवालय मे पत्रकारों के सामने दिया | उन्होंने कहा कि महिला बाल विकास विभाग ने उनके सेना के अनुभव को देखते हुए उन्हे 8 हजार 4 सौ रु प्रति माह वेतन पर नौकरी दी है, जिसके लिए उन्हे 25 हजार रु सुविधा शुल्क डोनेसन के रूप मे भी देने पड़े | उन्होंने सरकार की रोजगार नीति पर तंज कसते हुए कहा कि जुगाड़ से नौकरी मिल सकती है तो जुगाड़ से उन्हे कुछ अधिक वेतन वाली नौकरी क्यों नहीं मिल सकती है |

चौकीदार बनेंगे वकर्नल अजय कोठियाल
आम आदमी पार्टी के सीएम के दावेदार सेवा निवृत्त कर्नल अजय कोठियाल को बाल विकास विभाग मे 8 हजार चार सौ रु महीने की तनख्वा पर नौकरी मिली तो वे देहरादून सचिवालय पहुचे | गेट पर सभी फॉर्मलती पूरी करने के बाद उन्होंने सुरक्षा कर्मियों को अपनी चौकीदार पद पर नौकरी लगने की खुशी मे मिठाई खिलाई | मौके पर मौजूद मीडिया से बातचीत मे उन्होंने बताया कि प्रदेश ने बेरोजगारी का ये आलम है कि उन्हे फौज से सेवा निवृत्त कर्नल होने के बाद भी चौकीदार की नौकरी के लिए 25 हजार का डोनेसन निर्मला सेवा समिति को देना पड़ा | उन्होंने बताया कि डोनेसन की धनराशि बढ़ाने पर थोड़ी अधिक वेतन वाली नौकरी देने की भी बात उन्हे बताई गई थी | आप नेता ने कहा कि जब जुगाड़ से नौकरी मिल सकती है तो वे खुद सचिवालय के अधिकारियों से मिलकर अपने सेना के अनुभव को दिखाते हुए और अच्छा वेतन वाली नौकरी की मांग करेंगे |
इस दौरान आम आदमी पार्टी के नेता अजय कोठियाल सचिवालय मे संबंधित विभाग के अधिकारियों से मिले पर कही से भी उन्हे संतोषजनक जबाब नहीं मिला उन्होंने कहा कि बेरोजगारी से परेसान उत्तराखंड के युयाओ के लिए अब वे सचमुच के चौकीदार बनने को तैयार है |
बड़ा सवाल ये है कि कर्नल अजय कोठियाल जैसे चिर परिचित नाम को भी पैसे के जुगाड़ से चौकीदार की नौकरी मिल सकती है तो प्रदेश मे नौकरी देने के नाम पर चलने वाले सिस्टम के बारे मे अंदाज लगाया जा सकता है |
