“देहरादून को मिलेगा स्मार्ट आपदा कंट्रोल रूम – देखें डीएम का एक्शन प्लान”

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🗞️ आपदा नियंत्रण में देहरादून बन रहा रोल मॉडल, डीएम सविन बंसल की नई पहल से सिस्टम होगा ‘A-Class’!

देहरादून, 4 जून 2025
प्रदेश की राजधानी देहरादून अब आपदा नियंत्रण के मामले में ‘ए क्लास’ व्यवस्था की ओर तेजी से बढ़ रही है। जिलाधिकारी सविन बंसल के नेतृत्व में जिला आपदा कंट्रोल रूम को पूरी तरह स्मार्ट और रियल-टाइम रिस्पांस सिस्टम से लैस किया जा रहा है।

डीएम सविन बंसल ने अचानक पहुंचकर कंट्रोल रूम की नब्ज टटोली, और वहां मौजूद अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए—आपदा की किसी भी घटना पर हो त्वरित प्रतिक्रिया। मुख्यमंत्री के आदेशों पर अमल करते हुए डीएम खुद ग्राउंड ज़ीरो पर जाकर व्यवस्थाएं परख रहे हैं।

📍 अब देहरादून को मिलेगा हाई-टेक डिजास्टर कंट्रोल रूम:

  • कंट्रोल रूम की दीवारें होंगी GIS मैप से सुसज्जित, जिनमें तहसील, थाना, अस्पताल और प्रमुख मार्ग दर्शाए जाएंगे।
  • GIS विशेषज्ञों की टीम कंट्रोल रूम में तैनात की जाएगी।
  • रियल टाइम डिस्प्ले स्क्रीन और रेपिड वायरलेस कम्युनिकेशन सिस्टम पहली बार देहरादून जिले में लगाया जाएगा।
  • जिला भर में लगेगें उच्च गुणवत्ता वाले सायरन, विशेषकर थानों व तहसीलों पर।

⚠️ हर विभाग का अधिकारी रहेगा अलर्ट

  • पेयजल, लोनिवि, यूपीसीएल, एनएच, पुलिस और वन विभाग के अधिकारी दो शिफ्ट में कंट्रोल रूम में रहेंगे तैनात।
  • प्रत्येक विभाग को निर्देश — शिकायत उसी दिन करें निस्तारित
  • अब तक प्राप्त 125 शिकायतों में से 122 का हो चुका है समाधान।

🚧 मानसून तैयारियों में कोई कसर नहीं

  • भूस्खलन संभावित क्षेत्रों के पास 24×7 जेसीबी की तैनाती
  • जेसीबी ऑपरेटर और संबंधित इंजीनियरों के फोन नंबर कंट्रोल रूम में चस्पा।
  • मसूरी, चकराता, त्यूणी, डोईवाला जैसे संवेदनशील क्षेत्रों पर होगी विशेष निगरानी।

📞 आपदा से जुड़ी किसी भी जानकारी या शिकायत के लिए संपर्क करें:

0135-2726066, 0135-2626066, 0135-2626067, 0135-2626068


जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिए हैं कि सभी उपकरणों का रख-रखाव सुनिश्चित किया जाए और पुराने व खराब संसाधनों को हटाया जाए। साथ ही, हर पत्राचार और लेटरहेड पर आपदा कंट्रोल रूम के नंबर अंकित किए जाएं ताकि जनता तक सही सूचना समय पर पहुंचे।

➡️ यह स्मार्ट, सक्रिय और जवाबदेह कंट्रोल रूम सिस्टम, देहरादून को राज्य में आपदा प्रबंधन का आदर्श मॉडल बनाने की ओर एक बड़ा कदम है।


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