उत्तराखण्ड से उठी न्याय की मांग, CBI जांच की सिफारिश, मुख्य आरोपी दुबई में!
📍 हज़ारों परिवारों का टूटा सपना
📉 दोगुना पैसा का झांसा, लेकिन लौटाई सिर्फ मायूसी!
देहरादून, 26 जुलाई 2025 –
गढ़वाल परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक श्री राजीव स्वरूप ने आज एक चौंकाने वाला खुलासा किया। “द लोनी अर्बन मल्टी-स्टेट क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट को-ऑपरेटिव सोसाइटी (LUCC)” ने उत्तराखण्ड और उत्तर प्रदेश में हज़ारों लोगों को करोड़ों की ठगी का शिकार बना डाला।
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में I.G. स्वरूप ने बताया कि LUCC सोसाइटी ने लोगों को 4 से 5 साल में पैसा दोगुना करने का झांसा देकर लगभग 92 करोड़ रुपये की ठगी की।
💰 लालच बना धोखा!
उत्तराखण्ड के हर छोटे-बड़े कस्बे में LUCC की शाखाएं रातों-रात खुलीं।
लोगों को बताया गया –
“बस 5 साल में मिलेगा दोगुना पैसा, सुरक्षित निवेश!“
लेकिन निवेश की मैच्योरिटी पूरी होने पर पैसा तो दूर, दफ्तर तक बंद मिले।
प्रबंधन फरार, कॉल्स बंद, दरवाजे हमेशा के लिए बंद।
🕵️♂️ “बड़ी साजिश का जाल – पूरे भारत में फैला नेटवर्क!”
जांच में सामने आया कि इस ठगी के मास्टरमाइंड समीर अग्रवाल, निवासी मुंबई, ने 6 अलग-अलग राज्यों में 6 अलग-अलग नामों से सहकारी समितियां बना रखी थीं।
उत्तराखण्ड में संचालन उर्मिला बिष्ट और जगमोहन बिष्ट कर रहे थे।
“ये सिर्फ एक राज्य की ठगी नहीं, बल्कि एक बहुराज्यीय आर्थिक साजिश है!” – पुलिस महानिरीक्षक राजीव स्वरूप
🔎 अब तक क्या हुआ…?
- उत्तराखण्ड में 15 केस दर्ज
- 20 आरोपी नामजद, जिनमें से 12 पर गिरफ्तारी वारंट
- समीर अग्रवाल दुबई में फरार, इंटरपोल रेड कॉर्नर नोटिस की तैयारी
- अब तक उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश में 5 और केस दर्ज
🧑⚖️ मुख्यमंत्री ने लिया संज्ञान, CBI जांच की सिफारिश!
इस गंभीर ठगी कांड पर मुख्यमंत्री ने खुद संज्ञान लेते हुए कहा —
“हम अपने प्रदेश के एक-एक पीड़ित को न्याय दिलाएंगे।“
राज्य सरकार ने गृह मंत्रालय भारत सरकार को पत्र भेजकर CBI जांच की अनुशंसा कर दी है। अब केंद्र से हरी झंडी मिलने का इंतजार है।
💔 “हमारी जीवनभर की पूंजी लुट गई” – पीड़ितों की सिसकियाँ…
हरिद्वार की रमा देवी ने कहा –
“बेटी की शादी के लिए जमा की थी FD… अब न बेटी का घर बसा, न हमारा जीना आसान रहा।“
टिहरी के हरिशंकर बोले –
“सरकार से बस इतना कहता हूँ – हमारे पैसों का हिसाब दिलवा दो।“
🧩 यह सिर्फ एक घोटाला नहीं, भरोसे का कत्ल है!
LUCC की कहानी सिर्फ ठगी की नहीं, बल्कि उस भरोसे की है जिसे आम जनता ने एक चमकते हुए बोर्ड और फर्जी वादों पर रख दिया। यह कहानी उन बुज़ुर्गों की है जिन्होंने अपनी पेंशन, बेटियों ने अपना भविष्य और किसानों ने अपनी ज़मीन गिरवी रख दी।
📢 अब सवाल बड़ा है – क्या समीर अग्रवाल भारत आएगा? क्या हज़ारों पीड़ितों को मिलेगा न्याय?
राज्य सरकार CBI जांच के लिए कमर कस चुकी है। अब देखना है कि कानून की गिरफ्त इस बहुराष्ट्रीय धोखेबाज़ को कब और कैसे जकड़ती है।
🧠 सोचिए – क्या सिर्फ लालच में निवेश करने की सज़ा यही होनी चाहिए?
⚖️ अब वक्त है सच को बेनकाब करने का, और ठगों को सलाखों के पीछे पहुंचाने का!
👉 Meru Raibar News आपको इस हाई-प्रोफाइल ठगी पर लगातार अपडेट देता रहेगा। जुड़े रहिए!
