लॉकडाउन के साइड इफेक्ट अब धीरे-धीरे सामने आने लगे हैं शुरुआती दिनों में राहत देने के उद्देश्य से मकान मालिक से किराया जबरन न लेने की बात की गई थी जिसको गांठ बांधकर अब अभिभावक स्कूल नहीं तो फीस नहीं की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए हैं उनका कहना है कि लॉकडाउन के चलते हजारों लोगों के रोजगार छिन गए हैं ऐसे में जब उनके बच्चे भी घर पर बैठे हुए हैं स्कूल की फीस कहां से भरेंगे
रुद्रपुर के डीडी चौक , दीनदयाल उपाध्याय चौक पर नो स्कूल नो फीस के आंदोलन को लेकर आज धरना दिया गया उसमें सरकार और प्रशासन से मांग करी गई है जिस प्रकार सरकार ने लॉकडाउन के समय में मकान मालिकों को किराए ना लेने की हिदायत दी थी उसी प्रकार स्कूलों से जब तक स्कूल ना खोलें तब तक बच्चों से खींचना ली जाए ,उसकी मांग की गई ,क्योंकि लॉकडाउन में कई परिवारों का रोजगार छिन गया और कई परिवारों के सदस्यों की नौकरी चली गई जिस कारण आम जनता त्रस्त हो रही है।
सरकार से अनुरोध करते हैं कि जब तक स्कूल ना खुले तब तक फीस ना लिया जाए इसी को मद्देनजर रखते हुए आज आंशिक रूप से दीनदयाल उपाध्याय रुद्रपुर चौक पर धरना दिया गया अगर सरकार हमारी मांग जल्द से जल्द पूर्ण नहीं करेगी तो हम बड़ा आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे!!
