धारचूला कुलागाड में SDRF ने बनाया वैकल्पिक मार्ग।
नदीम परवेज़ धारचूला
धारचूला कुलागाड नाले में बीआरओ द्वारा निर्मित 48 मीटर लम्बा एक बडा पुल जिसकी लागत करीब 4 करोड रुपये थी , भरी वर्षा के बाद बढ़े हुए बरसाती नाले के बहाव में पूर्ण रूप से जमींदोज हो गया ।
बीआरओ द्वारा संचालित या संपर्क मार्ग चायना बोर्डर सहित दारमा वह अन्य घाटियो कै लगभग 150 गांवों को जोड़ता है । सामरिक दृष्टि से अति महत्वपूर्ण इस सडक पर स्थायी पुल जल्द बनना अभी संभव नहीं लग रहा है लिहाजा जिला प्रशासन की तरफ से उपजिलाधिकारी ने एस डी आर एफ की मदद से वैकल्पिक मार्ग तैयार करवाया है ।
इस पुल पर जान जोखिम से डालकर लोग आवागमन कर रहें हैं। लोगों ने पैदल पुल बनाने की मांग की है । स्थानीय पर्वतारोही महीलाओं ने भी उक्त स्थल पर लगे बिजली के पोलो पर लोगों को सुरक्षित पार कराने का कार्य शुरू कर आवागमन में मदद की है ।इलाके मे लगातार हो रही बरसात ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है ।
उपजिलाधिकारी धारचूला अनिल कुमार शुक्ला
