रुड़की
वैक्सीन लगवाने के अलावा अभी तक कोरोना महामारी से लड़ने का कोई इलाज सामने नहीं आया है इसके बाद भी नामी गिरामी अस्पताल कोरोना से इलाज के नाम पर लाखो रु मरीजो से वसूल रहे है | शिकायत के बाद कड़ी कार्यवाही भी हुई है पर ऐसे मामले थमने का नाम नहीं ले रहे है, इतना ही नहीं बिना अनुमति के कोरोना का इलाज करने वाले अस्पताल भी संक्रमण के नाम पर मरीजो को लूटने में कोई कोर कसार नहीं छोड़ रहे है | ऐसा ही एक मामला रूडकी में तब सामने आया जब अस्पताल में भर्ती मरीज कि मौत हो गयीं |

दिल्ली हरिद्वार नेशनल हाइवे स्थित कर्नल हॉस्पिटल पर जिला प्रशासन की छापेमारी से अस्पताल प्रशासन में हडकंप मच गया | सूत्रों कि माने तो बिना सरकारी अनुमति के इस अस्पताल में कोरोना संक्रमित मरोजो का इलाज किया जा रहा था | उपचार के दौरान मरीज की हुई मौत हो गयी तो इसकी शिकायत जिला प्रशासन से कि गयी जिसके बाद पुलिस और प्रशासन के आला अधिकारी मौके पर पहुचे | जाँच में पाया गया कि इस अस्पताल में कोरोना टेस्ट किये बिना ही मरीज को कोरोना का इलाज दिया जा रहा था | अस्पताल में भर्ती मरीज कि मौत के बाद शिकायत हुई तो पूरा प्रकरण सामने आया | जिसके बाद मौके पर जिलाधिकारी, सीएमओ, जॉइंट मजिस्ट्रेट और भारी पुलिसबल, के साथ पहचे |
मौके पर छापेमारी के बाद अस्पताल के सभी दस्तावेज खंगाले जा रहे है | मृतक के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर लगाया लापरवाही का आरोप लगाया है |
