चंबा ऋषिकेश सड़क मार्ग पर बने अस्थायी खोखे मे स्वोरोजगार कर रहे युवाओ के निर्माण को बीआरओ कि शिकयत पर पुलिस प्रशासन ने एसडीएम कि मौजूदगी मे तुड़वा दिया | इस दौरान कोंग्रेसी नेता और पूर्व प्रमुख जोत सिंह बिष्ट के मौके पर पहुचने के बाद पुलिस ने उन्हे हटाने का प्रयास किया जिसके बाद थोड़ी देर के लिए महोल तनाव पूर्ण हो गया |
धनौल्टी- मार्च 2020 के लॉकडाउन के बाद बड़ी संख्या में राज्य के नौजवान देश के अलग – अलग प्रदेशों से बेरोजगार होकर अपने गांव घर मे बैठे है, रोजगार के लिए भटक रहे है इन प्रवासी बेरोजगार नौजवानों में से कुछ नौंजवानों ने साहस करके अपने -अपने क्षेत्र में सड़को के किनारे खोके, ठेली, रेहड़ी, पटरी और कुछ ने फ़ूड बैन लगाकर अपना स्वरोजगार शुरु किया था । इन नौंजवानों ने अपना काम सड़क के किनारे, चार धाम यात्रा मार्ग पर बी0आर0ओ0 की भूमि पर और अन्य लोकनिर्माण विभाग या वन विभाग की भूमि पर शुरू किया, राज्य सरकार द्वारा/ जिला प्रशासन / बी आर ओ / लोकनिर्माण विभाग इन सभी नौंजवानों को जिन्होंने अपना कारोबार शुरू करने का साहस किया लगातार डराया धमकाया जा रहा है। गुरुवार को चंबा से लगभग 8 किलोमीटर ऋषिकेश की तरफ चोपड्याली गांव के एक विकलांग नौजवान का सड़क किनारे लगा खोका बी0आर0ओ0 की मांग पर एस0डी0एम के आदेश पर बड़ी बेरहमी से जेसीबी से तुड़वाया गया, काँग्रेस नेता और पूर्व प्रमुख जोत सिंह बिष्ट ने मौके पर उपस्थित अधिकारियों को खोका न तोड़ने के लिए समझाने का प्रयास किया, और राज्य सरकार के वरिष्ठ मंत्री से भी दूरभाष पर खोका तोड़ने से रोकने का आग्रह किया लेकिन में बेरोजगार को रोजगार तो नही मिल रहा है, बल्कि उनके रोजगार को अन्याय पूर्ण तरीके से समाप्त करने का अभियान जोर शोर से चल रहा है। राज्य के बेरोजगार नौजवान को सरकार के ऐसे कारनामों पर चिंता और चिंतन जरुर करना चाहिए।
