“आपदा पर उत्तराखण्ड पुलिस का ‘सुपर अलर्ट’ – हर मोर्चे पर तैनात फोर्स, जनता से कहा – डरिए मत, पुलिस है साथ!”

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भारी बारिश और संभावित आपदा पर पुलिस की ताबड़तोड़ तैयारी
QRT से SDRF तक, हर यूनिट मोर्चे पर मुस्तैद
मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर पूरे प्रदेश में मॉक ड्रिल का धमाकेदार प्रदर्शन


ओपनिंग

“बादल बरस रहे हैं… नदियां उफन रही हैं… पहाड़ दरक रहे हैं… लेकिन उत्तराखण्ड पुलिस कह रही है — घबराओ मत, हम तैयार हैं! मौसम के कहर के बीच पुलिस का ये सुपर अलर्ट मोड, हर नागरिक को दे रहा है भरोसा और सुरक्षा की गारंटी।”


मुख्यमंत्री के निर्देश पर आपदा मोड में पुलिस

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के सीधे निर्देश पर पुलिस मुख्यालय ने पूरे राज्य में आपदा मोड ऑन कर दिया है। पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ ने साफ कहा:

“हमारी पहली प्राथमिकता जनता की जान बचाना है। पुलिस हर हाल में तत्पर है। कोई चूक बर्दाश्त नहीं होगी।”


मॉक ड्रिल का ज़बरदस्त नजारा

राज्यभर में आज मॉक ड्रिल का ज़बरदस्त नजारा देखने को मिला। कहीं जवान रेस्क्यू बोट पर उतरते दिखे, तो कहीं फायरमैन कमर तक पानी में उतरकर डूबते लोगों को निकालने का अभ्यास कर रहे थे।

देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी, नैनीताल — हर जिले में QRT, SDRF, फायर सर्विस, मेडिकल टीमें और पुलिस के जवान कमान संभाले नजर आए।

आईजी एसडीआरएफ अरुण मोहन जोशी ने कहा:

“पानी कितना भी बढ़े, पुलिस की हिम्मत और तैयारी की कोई सीमा नहीं है।”


जनता को किया अलर्ट – मुनादी और माइक पर चेतावनी

पुलिस की गाड़ियों के सायरन, लाउडस्पीकर और मुनादी — सब एक सुर में गूंज रहे हैं:

“नदी-नालों के पास न जाएं। सुरक्षित स्थानों पर रहें। पुलिस हर वक्त आपके साथ है!”

हर थाना, चौकी और पुलिस लाइन में आपदा उपकरण अलर्ट मोड पर रखे गए हैं — लाइफ जैकेट, टॉर्च, रोप, पोर्टेबल पम्प सब तैयार। कंट्रोल रूम, डायल 112, वायरलेस सब चौकस।


संवेदनशील इलाकों पर खास नजर

आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप ने देहरादून और हरिद्वार में बारीकी से मॉक ड्रिल का निरीक्षण किया। वहीं, आईजी अग्निशमन मुख्तार मोहसिन ने सौंग नदी, डोईवाला और जलभराव वाले क्षेत्रों में खुद मौके पर जाकर तैयारियों को परखा।

“हमारी टीम हर मुश्किल में जनता के साथ खड़ी रहेगी। हमारा लक्ष्य जीरो कैजुअलिटी है।” – मुख्तार मोहसिन


पुलिस का संकल्प – डरने की नहीं, लड़ने की बात है!

भारी बारिश, पहाड़ी मलबे और उफनती नदियों के बीच पुलिस का साहसिक चेहरा जनता को ये भरोसा दिला रहा है — उत्तराखण्ड पुलिस सिर्फ वर्दी नहीं, जनता की ढाल है।

“हम डराने वाली आपदा को भी मात देने की कसम खा चुके हैं।” – डीजीपी दीपम सेठ


क्लोजिंग लाइन

“कुदरत का कहर चाहे जितना बड़ा हो… उत्तराखण्ड पुलिस का जज़्बा और हौसला उससे कहीं बड़ा है। इसलिए डरिए मत… क्योंकि पुलिस है, तो सब ठीक है!”


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