“बीस सूत्रीय कार्यक्रम में रुद्रप्रयाग की बड़ी छलांग, प्रदेश में मिला दूसरा स्थान”
रुद्रप्रयाग
दिनांक: 9 जून 2025
उत्तराखंड के विकास पथ पर रुद्रप्रयाग ने एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर पार कर लिया है। नियोजन विभाग, अर्थ एवं संख्या निदेशालय द्वारा जारी राज्य स्तरीय रैंकिंग में रुद्रप्रयाग जनपद को बीस सूत्रीय कार्यक्रम के उत्कृष्ट क्रियान्वयन के लिए प्रदेशभर में दूसरा स्थान प्राप्त हुआ है। यह सफलता, जनपद के सतत प्रयासों और प्रशासनिक प्रतिबद्धता का प्रमाण है।
इस ऐतिहासिक उपलब्धि के पीछे जिले के युवा, ऊर्जावान एवं संवेदनशील जिलाधिकारी डॉ. सौरभ गहरवार का नेतृत्व और कार्यशैली प्रमुख रही। उनके मार्गदर्शन में जनपद ने योजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन, पारदर्शिता और जमीनी प्रभावशीलता में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया।

📌 क्या है बीस सूत्रीय कार्यक्रम?
यह केंद्र और राज्य सरकार की प्रमुख लोककल्याणकारी योजनाओं का एक समेकित ढांचा है, जिसका उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक मूलभूत सुविधाओं और सेवाओं को पहुंचाना है। इसमें स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, पोषण, रोजगार, स्वच्छता जैसे विभिन्न विषय शामिल हैं।
📊 रुद्रप्रयाग कैसे पहुंचा दूसरे स्थान पर?
- हर सप्ताह योजनाओं की प्रगति की समीक्षा
- समयबद्ध रिपोर्टिंग और लक्ष्य आधारित कार्यप्रणाली
- जरूरतमंदों तक योजनाओं का प्रभावी लाभ पहुंचाना
- हर विभाग की सक्रिय और जिम्मेदार भूमिका
जिलाधिकारी डॉ. सौरभ गहरवार ने इस उपलब्धि को जिले के समस्त अधिकारियों और कर्मचारियों की “टीम भावना और ईमानदारी” का परिणाम बताया। उन्होंने कहा:
“हम सभी ने मिलकर रुद्रप्रयाग को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का संकल्प लिया है और यह रैंकिंग उसी संकल्प का प्रमाण है। आने वाले समय में भी यह रफ्तार बरकरार रहेगी।”
जनपद के अर्थ एवं संख्या अधिकारी श्री संदीप भट्ट ने कहा कि:
“यह सफलता न केवल गर्व की बात है, बल्कि हमें और अधिक मेहनत से काम करने की प्रेरणा भी देती है। यह जनपद की अनुशासित और जनसेवा भाव से ओत-प्रोत कार्यशैली का नतीजा है।”
📣 Meru Raibar की विशेष टिप्पणी:
रुद्रप्रयाग की यह सफलता उन पहाड़ी जिलों के लिए एक उदाहरण है, जो सीमित संसाधनों में भी दूरदर्शी नेतृत्व और प्रतिबद्ध प्रशासन के दम पर परिवर्तन की इबारत लिख सकते हैं। जनहित की योजनाएं जब धरातल पर उतरती हैं, तब आंकड़े नहीं, जिंदगियां बदलती हैं।
