चमोली
जिले के प्रभारी सचिव हरबंस सिंह चुघ ने दो दिवसीय दौरे के दौरान, वृहस्पतिवार को जिले में स्थापित ग्रोथ सेंटर, दुग्ध इकाई, सांइस पार्क सहित विभिन्न विकास कार्यो का स्थलीय निरीक्षण कर स्वरोजगार व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
पीपलकोटी में हिमालय स्वायत्त सहकारिता के माध्यम से संचालित रिंगाल, वुडन हस्तशिल्प ग्रोथ सेंटर में तैयार किए जा रहे विभिन्न उत्पादों को परखते हुए प्रभारी सचिव ने खुशी जाहिर की। उन्होंने संस्था के सदस्यों एवं कामगारों से बातचीत करते हुए ग्रोथ सेंटर की सरचना एवं इसके संचालन में हो रही कठिनाइयो,ं समस्याओं एवं सदस्यों में प्रोफिट शेयरिंग के बारे में भी जानकारी ली। कहा कि रिंगाल एवं वुडन हस्तशिल्प की भरपूर संभावनाएं है और इसको अच्छा मार्केट मिलने से यहां पर काम करने वाले सदस्यों को और अच्छा लाभ मिलेगा। उन्होंने रिगांल की नर्सरी विकसित करने पर जोर देते हुए कहा कि रिंगाल उत्पादों की डिमांड बढने पर इससे कच्चे उत्पाद आसानी से मिल सकेंगे। इस दौरान प्रभारी सचिव ने ग्रोथ सेंटर में तैयार किए जा रहे रिंगाल की टोकरी, कंडी, लैम्पसेड, मोमेंटों एवं लकडी से बनाए जा रही मूर्तियां, खोली, तिवारी, फर्नीचर आदि उत्पादों की गुणवत्ता भी परखी और अच्छे उत्पाद तैयार करने पर इसके सभी कारिगारों को प्रोत्साहित किया। मुख्य विकास अधिकारी हंसादत्त पांडे ने प्रभारी सचिव को ग्रोथ सेंटर के बारे पूरी जानकारी दी। बताया कि इस ग्रोथ सेंटर में 210 सदस्य काम कर रहे है जिसमें 50 महिलाएं भी स्वरोजगार से जुडी है। यहाॅ पर अच्छे परम्परागत उत्पाद तैयार किए जा रहे है। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी ने प्रभारी सचिव को ग्रोथ सेंटर में रिंगाल से बना मोमेंटों भेंट कर उनका स्वागत भी किया।
अम्बेडकर भवन कोठियासैंण में सांइस पार्क का अवलोकन करते हुए प्रभारी सचिव खासे प्रभावित दिखे। उन्होंने इसे जिला प्रशासन की बेहद सराहनीय पहल बताते हुए कहा कि निश्चित रूप से इससे स्कूली बच्चों को बहुत ही आसानी से सांइस और गणित के सिद्वांतो को समझने में मदद मिलेगी। बच्चों को किताब के बजाय प्रेक्टिकल करके सिखाना बहुत अच्छा प्रयोग है। मुख्य विकास अधिकारी ने प्रभारी सचिव को जानकारी देते हुए कहा कि जिलाधिकारी के प्रयासों से अम्बेडकर भवन में स्थापित सांइस पार्क में बिरला साइंस म्यूजियम हैदराबाद से विज्ञान के सिद्वांतों को समझाने के लिए 31 साइंस उपकरणों की प्रदर्शनी लगाई।
