“मसूरी की सड़कों पर भिड़े दो गुट, पुलिस ने छह को किया गिरफ्तार!”
“ओवररेट पर शुरू हुआ विवाद, लात-घूंसे, गाली-गलौज और फिर पुलिस का एक्शन!”
पर्यटकों की रानी मसूरी इस बार अपनी खूबसूरती नहीं, बल्कि एक सड़कछाप झगड़े की वजह से सुर्खियों में है। लंढौर क्षेत्र की शराब की दुकान पर दो गुटों में ऐसा तकरार हुआ कि मामला हाथापाई तक पहुंच गया। घटना की भनक लगते ही पुलिस ने मोर्चा संभाला और छह लोगों को थाने पहुंचाया।
🚨 घटना का ड्रामा – तेज़ और भावुक विवरण:
दिनांक 21 जून की शाम, कोतवाली मसूरी के लंढौर चौकी अंतर्गत स्थित एक शराब की दुकान पर ओवररेटिंग को लेकर अचानक दो पक्ष आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते बहस ने हिंसा का रूप ले लिया। लात-घूंसे चले, गलियों में गालियां गूंजीं और आसपास के लोग सहम गए।
👉 “हम एक-दूसरे को जानते हैं, गुस्से में गलती हो गई…” — दोनों पक्षों की यही दलील रही।
लेकिन मसूरी पुलिस ने किसी माफीनामे को बहाना नहीं बनने दिया।
👮♂️ पुलिस का एक्शन – Zero Tolerance:
कोतवाली मसूरी की टीम ने बिना कोई शिकायत आने का इंतज़ार किए बिना स्वतः संज्ञान लिया और दोनों पक्षों को थाने बुलाया। पूछताछ में दोनों ने ग़लती मान ली और भविष्य में ऐसा न करने का लिखित आश्वासन दिया।
फिर भी, कानून का डंडा चला — सभी छह व्यक्तियों पर पुलिस एक्ट के तहत चालान कर दिया गया।
📜 जिन पर हुई कार्रवाई – नाम, पता:
- रविंद्र सिंह – हैप्पी वैली, मसूरी
- मनवीर सिंह – हैप्पी वैली, मसूरी
- मनोज थापा – हैप्पी वैली, मसूरी
- नवनीत – लैंडर बाजार, मसूरी
- यश – लैंडर बाजार, मसूरी
- अरुण – बालूगंज, मसूरी
🧠 अंतिम पंक्ति – सोचने पर मजबूर करने वाली:
मसूरी की वादियों में लड़ाई-झगड़े का शोर, क्या यही तस्वीर पेश करता है देवभूमि की संस्कृति का?
कानून सख्त है, और पुलिस चौकस – ये संदेश अब हर झगड़े से पहले याद रखना होगा।