देहरादून पुलिस को बड़ी सफलता, अवैध रूप से रह रहे 5 बांग्लादेशी नागरिक व 1 भारतीय महिला गिरफ्तार
संवाददाता – मेरु रैबार, देहरादून
दिनांक: 18 मई, 2025
देहरादून पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) देहरादून को प्राप्त गुप्त सूचना के आधार पर क्लेमेंटटाउन क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 5 बांग्लादेशी नागरिकों व उनके साथ रह रही 1 भारतीय महिला को गिरफ्तार किया है। वहीं, 4 नाबालिग बच्चों को पुलिस संरक्षण में लिया गया है।
गिरफ्तार किए गए बांग्लादेशी नागरिकों में 4 पुरुष, 1 महिला और 4 बच्चे शामिल हैं। पूछताछ के दौरान सभी विदेशी नागरिक वैध पासपोर्ट या वीजा प्रस्तुत करने में असमर्थ पाए गए। पुलिस ने इनके पास से 2 बांग्लादेशी आईडी कार्ड व 2 फर्जी भारतीय आधार कार्ड भी बरामद किए हैं।
संयुक्त टीम की कार्रवाई
दिनांक 17 मई 2025 को मिली सूचना पर एसएसपी देहरादून ने एसओजी, एलआईयू, थाना क्लेमेंटटाउन, मिलिट्री इंटेलिजेंस व आईबी की एक संयुक्त टीम का गठन किया। टीम ने क्लेमेंटटाउन के पोस्ट ऑफिस रोड स्थित लेन नं. 11 में दबिश दी, जहाँ ये सभी आरोपी अवैध रूप से रह रहे थे।
गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों के नाम:
- निर्मल राय (35), बांग्लादेश
- शेम राय (33), बांग्लादेश
- लिपि राय (27), बांग्लादेश
- कृष्णा उर्फ संतोष (28), बांग्लादेश
- मुनीर चंद्र राय (30), बांग्लादेश
- पूजा रानी (28), पश्चिम बंगाल, भारत
पूजा रानी नामक भारतीय महिला पर आरोप है कि उसने इन विदेशी नागरिकों की भारत में रहने व काम करने में षड्यंत्रपूर्वक सहायता की।
वांछित आरोपी:
- नूर इस्लाम, उत्तर दिनाजपुर, पश्चिम बंगाल (वर्तमान: दिल्ली)
- मोहम्मद आलम, नदिया, पश्चिम बंगाल (वर्तमान: मोतिहारी, बिहार)
ये दोनों व्यक्ति बांग्लादेशी नागरिकों को भारत में अवैध रूप से प्रवेश दिलाने में सहयोगी बताए जा रहे हैं।
बरामदगी:
- बांग्लादेशी ID कार्ड – 2
- फर्जी भारतीय आधार कार्ड – 2
- फर्जी स्थायी निवास प्रमाण पत्र – 1
- मोबाइल फोन – 4
अभियुक्तों पर दर्ज धाराएं:
थाना क्लेमेंटटाउन में अभियुक्तों पर भारतीय दंड संहिता की धारा 338, 336(3), 340(2), 318(4), 61(2) BNS व पासपोर्ट अधिनियम 1967 की धारा 3/12/14 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है।
पूछताछ के प्रमुख बिंदु:
मुख्य आरोपी मुनीर चंद्र राय ने स्वीकार किया कि वह किशोरावस्था में ही भारत आ गया था और फरीदाबाद, नोएडा, झज्जर व देहरादून जैसे शहरों में काम करता रहा। उसने 2016 में भारतीय महिला पूजा रानी से शादी की थी और वह लंबे समय से देश में अवैध रूप से रह रहा था। पूछताछ में मुनीर ने यह भी खुलासा किया कि अन्य बांग्लादेशी नागरिकों को भी वह खुद बुलाकर देहरादून लाया था।
पुलिस टीमें:
थाना क्लेमेंटटाउन टीम में
- उ.नि. संदीप लोहान (थानाध्यक्ष)
- उ.नि. विनीता बेलवाल
- उ.नि. विजय
- का. रणवीर, सागर
एसओजी टीम
- निरीक्षक मुकेश त्यागी
- उ.नि. कुन्दन राम, विनोद राणा
- का. आशीष, ललित, पंकज
एलआईयू टीम
- नि. लक्ष्मण सिंह नेगी
- नि. अर्जुन सिंह
- उ.नि. अरविंद कुमार, रोशन पंत
- हे.का. प्रदीप कुमार
- का. संदीप नेगी
निष्कर्ष:
देहरादून पुलिस की यह कार्रवाई राष्ट्रीय सुरक्षा के दृष्टिकोण से एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। साथ ही यह घटना अवैध घुसपैठ और फर्जी दस्तावेजों के गिरोह की ओर भी इशारा करती है। पुलिस इन सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है और वांछित आरोपियों की तलाश जारी है।
