उत्तरकाशी जिले कि पुलिस लाइन से लगे शहीद स्मारक मे आजकल नशेड़ियों का अड्डा जमा हुआ है और जिम्मेदार विभाग को कोई खबर ही नहीं । देश के लिए शहीद होने वाले जवानो के सम्मान मे तैयार शहीद स्थल पर मचे हुड़दंग से शहीदो का अपमान किया जा रहा है इतना ही नहीं स्मारक पर बनी हुई बंदूकों को भी तोड़ दिया गया है और दीवारों पर अभद्र और आपत्तीजनक बाते लिखी गई है । राजधानी देहरादून मे सैन्य धाम को पांचवा धाम बनाने का दावा करने जा रही प्रदेश कि बीजेपी सरकार उत्तरकाशी मे क्यो शहीदो का अपमान कर रही है ?
सैन्य बहुल उत्तराखंड प्रदेश मे पांचवे धाम को सैन्य धाम के रूप मे विकसित करने वाली बीजेपी सरकार के मंसूबो को उत्तरकाशी जिले मे ग्रामीण निर्माण विभाग पलीता लगाने मे जुटा है । गंगोत्री और यमनोत्री धाम को अपने मे समेटे जनपद उत्तरकाशी मे बीजेपी सरकार की घोषणा के अनुरूप शहीद स्मारक पर ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा निर्माण कार्य गतिमान है । प्रदेश की बीजेपी सरकर ने हर जिले मे शहीद स्मारक बनाने की घोषणा की है । हालांकि उत्तरकाशी जिले मे तिलोथ पुल के पास शहीद स्मारक और पार्क की भूमि बाढ़ मे बहने के बाद पूर्व सैनिको को उसके बदले कोई अन्य स्थान नहीं दिया गया ।
ज्ञानसु रिवर व्यू पार्क और पुलिस लाइन से लगे भागीरथी नदी के किनारे शहीद स्मारक इन दिनो नशेड़ियों का अड्डा बना हुआ है । नशे मे धुत इन नशेड़ियों ने स्मारक की दीवार पर आपत्तीजनक बाते लिखी है और वहा लगाई गई गन को तोड़ मरोड़ दिया है । इतना ही नहीं स्मारक पर बने हुए हाथ की दो हथेलियो के बीच अमर जवान ज्योति लगाई जानी प्रस्तावित है, जिस पर शरारती तत्वो के दुर प्रयोग से क्रेक्स पड़ चुके है । विश्वनाथ पूर्व सैनिक संगठन के जिला अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह नेगी और गोपेश्वर प्रसाद भट्ट ने नाराजी जताते हुए जिला प्रशासन से शहीद स्मारक को सुरक्षा देने की मांग की है , उन्होने कहा कि यदि लोग शहीदो का सम्मान नहीं कर सकते तो कम से कम उनका अपमान तो न कीजिये । उन्होने निर्माण विभाग को सुझाव दिये है कि सहिद स्मारक की नाम पट्टी के साथ दिशा निर्देशों के साथ शहीद स्मारक का सूचना पट भी लगाया जाना चाहिए।
