झाड़ियों में फंसे बुजुर्ग को गंगा में गिरने से बचाया!

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“झाड़ियों में फंसे बुजुर्ग को मौत के मुंह से निकाला – गंगा में गिरने से बाल-बाल बचे!”


ऋषिकेश/मुनिकीरेती (Meru Raibar)।
10 जून 2025 की रात लगभग 8 बजे, एक ऐसा रोमांचक और रौंगटे खड़े कर देने वाला रेस्क्यू ऑपरेशन हुआ जिसने सबको चौंका दिया। होटल डिवाइन के पास एक 65 वर्षीय बुजुर्ग पहाड़ी की खतरनाक झाड़ियों में बुरी तरह फंस गए थे। उनके गंगा में गिरने की पूरी संभावना थी, लेकिन समय रहते पहुंचे पुलिस और SDRF के जवानों ने उनकी जान बचा ली।


🕯️ अंधेरी रात और मौत से जंग:

थाना मुनि की रेती को 112 पर सूचना मिली कि एक बुजुर्ग होटल डिवाइन के बगल में पहाड़ी के बीचोंबीच खतरनाक झाड़ियों में फंसे हैं।
सूचना मिलते ही तपोवन चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और टॉर्च की रोशनी में देखा कि बुजुर्ग बेहद खतरनाक स्थिति में एक तीखी ढलान पर फंसे हैं। नीचे कुछ कदम और फिसले तो सीधे गंगा की गहराइयों में गिरने का खतरा था।


🛑 संयम, सूझबूझ और जानलेवा रेस्क्यू:

पुलिस ने तुरंत बुजुर्ग को शांत रहने और मदद मिलने का भरोसा दिया। इसके बाद SDRF की टीम को मौके पर बुलाया गया
टीम ने रस्सियों के सहारे खड़ी चट्टान के बीच उतरकर, झाड़ियों में फंसे व्यक्ति को कड़ी मशक्कत और बहादुरी से सुरक्षित बाहर निकाला


🙏 कौन थे ये बुजुर्ग?

बचाए गए व्यक्ति ने अपना नाम बताया —
माधव पुत्र धनपत (उम्र 65 वर्ष), निवासी नई तालाब, हनुमान मंदिर, नागपुर (महाराष्ट्र)
उनका कहना था कि वह रास्ता भटक गए और गलती से गहरी झाड़ियों के बीच जा फंसे।


🛡️ सलाम इन हीरो को!

इस जानलेवा रेस्क्यू ऑपरेशन को सफल बनाया SDRF और पुलिस की टीमों ने, जिनके नाम इस तरह हैं:

🔹 SDRF टीम:
इंस्पेक्टर कविंद्र सजवान,
SI पंकज खरोला,
HC दरम्यान सिंह, ओम प्रकाश, वीजा खरोला,
CT मनमोहन, रमेश, सुमित, अजय, भूपेंद्र, अमित कुमार

🔹 थाना पुलिस टीम:
SI परवीन रावत (प्रभारी, तपोवन चौकी),
HC भीम शर्मा


👏 जनता ने जताया आभार:

बुजुर्ग की सुरक्षित रेस्क्यू के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने SDRF और पुलिस की सराहना करते हुए ताली बजाई। सभी ने इन जांबाजों को “धरती के फरिश्ते” बताया।


👉 Meru Raibar की अपील:
उत्तराखंड की पहाड़ियों में ट्रेकिंग या घूमने के दौरान स्थानीय मार्गदर्शन अवश्य लें। किसी भी संदेह की स्थिति में तुरंत 112 पर कॉल करें।

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