⏱ रानीपोखरी में दिनदहाड़े स्नैचिंग, पीड़ित से पुलिस बनकर ठग लिए मोबाइल और नकदी
देहरादून | 26 जून 2025
देहरादून की सड़कों पर अब नशेड़ी ‘पुलिस की वर्दी’ पहनकर अपराध को अंजाम देने लगे हैं! रानीपोखरी थाना क्षेत्र में घटी एक चौंकाने वाली घटना में दो युवकों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर एक व्यक्ति से मोबाइल और नकद रुपये छीन लिए। लेकिन देहरादून पुलिस की तेज़ कार्रवाई ने 18 घंटे में ही इस वारदात का पर्दाफाश कर दिया।
📸 कैमरे में कैद हुए ‘फर्जी पुलिसवाले’
घटना 25 जून को हुई जब हरिद्वार निवासी पवन कुमार अपनी बाइक से रानीपोखरी की ओर जा रहे थे। तभी दो युवक लाल-काले रंग की स्कूटी पर सवार होकर आए, खुद को पुलिस वाला बताया और “चेकिंग” के नाम पर कागज़ मांगे।

कागज़ न दिखाने पर धमकी मिली –
“बेटे से बात कराओ, 2000 रुपये दो वरना ठीक नहीं होगा!”
जब पवन ने पैसे देने से मना किया, तो आरोपियों ने उसका मोबाइल फोन (आईटेल, कीमत ₹5000) और ₹900 नगद छीन लिए और मौके से फरार हो गए।
🚨 तुरंत एक्शन में आई देहरादून पुलिस
जैसे ही मामला थाना रानीपोखरी में दर्ज हुआ, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून ने तुरंत एक विशेष टीम गठित की। CCTV फुटेज खंगाली गई, स्थानीय मुखबिरों को सक्रिय किया गया और पुराने अपराधियों की कुंडली खंगाली गई।
फिर आया बड़ा ब्रेकथ्रू —
26 जून को मुखबिर की सूचना पर दोनों अभियुक्तों को चक तलाई, रानीपोखरी से गिरफ्तार किया गया।
🎯 पकड़े गए आरोपी – नशे की लत ने बना दिया स्नैचर
- सिद्धार्थ, 36 वर्ष, निवासी लक्ष्मण चौक, देहरादून
- रमन, 49 वर्ष, निवासी गेमविला होस्टल, डालनवाला
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया –
“हम नशे के आदी हैं… पैसों की ज़रूरत थी, इसलिए वारदात की।”
इनके पास से पीड़ित का मोबाइल, ₹900 नगद और घटना में प्रयुक्त स्कूटी (UK07-DT-4246) बरामद की गई।
👮♂️ पुलिस टीम की सजगता से अपराधी सलाखों के पीछे
टीम में शामिल थे:
- उ.नि. हरीश सती
- हे.का. शशिकांत, धीरेन्द्र यादव
- का. सतेन्द्र, विजय राणा
🔚 अंतिम पंक्ति – सवाल अब भी खड़ा है…
देहरादून की शांत सड़कों पर नकली पुलिस बनकर लूट!
अगर 18 घंटे में यह खुलासा न होता, तो अगला शिकार कौन होता?
नशा सिर्फ जीवन नहीं, समाज की सुरक्षा को भी निगल रहा है… अब और चुप रहना खतरनाक होगा।
यदि आप भी ऐसी किसी घटना के गवाह हैं – तुरंत पुलिस को सूचना दें। आपकी सतर्कता किसी की जान बचा सकती है।